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साहसी व अनुशासनप्रिय सरदार पटेल का स्मरण

भूमिका

क्रांतिनायक शहीद धनसिंह कोतवाल शोध संस्थान निरंतर समर्पित भाव से एक मिशन में संलग्न है और वह मिशन है देश के लिए जो मानव संसाधन पूर्णतया समर्पित रहे। शहीद धन सिंह कोतवाल समेत उन सभी के क्रियाकलापों, जीवट और समर्पण से लोग अवगत हों और उनको लेकर नवाचारी विषयों का सृजन कर नए नए तथ्यों से जनमानस को अवगत कराएं।

निमंत्रण व कार्यक्रम विवरण



विवरण

मेरठ में लिसाड़ी रोड पर नूरनगर के राष्ट्रीय इंटर कॉलेज में 1857 के क्रांतिनायक शहीद धनसिंह कोतवाल शोध संस्थान की ओर से लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल जी के व्यक्तित्व पर संगोष्ठी हुई।

शुभागमन पर स्वागत















संबोधन

मुख्य अतिथि नगर आयुक्त सौरभ गंगवार ने कहा कि 

"सरदार वल्लभ भाई पटेल साहसी, निर्भीक और अनुशासन प्रिय थे। उन्होंने जो संकल्प एक बार कर लिया, उसे दृढ़ता से पूरा किया। उनकी राष्ट्रीय एकता की संकल्पना विश्व प्रसिद्ध है। उनकी राष्ट्रीय एकता की संकल्पना विश्व प्रसिद्ध है। जिस आधार पर उनके जन्मदिन 31 अक्टूबर को 'राष्ट्रीय एकता दिवस' घोषित किया गया है। हम सबको एकाग्रता के साथ संकल्प पूरा करने की आदत डालनी होगी। यही सरदार वल्लभ भाई पटेल के लिए सच्ची श्रद्धांजलि होगी।" 

कार्यक्रम अध्यक्ष इतिहासकार डॉ. केडी शर्मा ने कहा कि 

"यह सुखद संयोग है कि आज 1857 के क्रांतिनायक धनसिंह कोतवाल जी के नाम पर संस्थान सरदार वल्लभभाई पटेल का जन्मोत्सव कार्यक्रम मनाया जा रहा है।" 

राष्ट्रपति पदक से अलंकृत सरदार सरबजीत सिंह कपूर ने कहा कि "पटेल जी के नाम पर नगर निगम क्षेत्र मेरठ में एक पार्क का नाम रखा जाए।"

















प्रतीक चिन्ह वितरण






प्रतिभागी

इस अवसर पर डॉ. रेनू जैन, बृजपाल सिंह चौहान, तसवीर सिंह चपराना, सुभाष चंद्र, गुलबीर सिंह, डॉ. चरण सिंह लिसाड़ी रहे।

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