अवसर आज सुबह 11 बजे क्रांतितीर्थ समिति के तत्वावधान में एक कार्यक्रम का आयोजन मोदीनगर के निकट सीकरी खुर्द गांव में सन् 1857 की क्रांति में शहीद हुए 170 अज्ञात व बाबा सिब्बा सिंह की शहादत की स्मृति में आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता श्री चरन सिंह ने तथा संचालन श्री तेजपाल पोसवाल ने किया। उद्बोधन मुख्य अतिथि (श्री कालूराम चेयरमैन) ने अपने उद्बबोधन में कहा "हमारे पूर्वजों ने जो बलिदान देश के लिए किया है,वह भुलाने योग्य नहीं है आज हम फिर से दुनिया की मुख्य धारा मे जुडने के लिए अपना जो भी योगदान दे रहे हैं, वो सब इन शहीदों की कुर्बानी का ही फल है। अतः यह हमारी जिम्मेदारी है कि हम इन शहीदो को स्मरण करते रहें। यही उन हुतात्माओं को सच्ची श्रद्धांजलि होगी।" मुख्य वक्ता (श्री अशोक चौधरी) ने कहा कि "दिल्ली के आसपास रहने वाले लोगों ने देश के मान-सम्मान के लिए अतुलनीय बलिदान दिये हैं। सीकरी खुर्द का बलिदान भी इस ही श्रेणी का है। सीकरी खुर्द में किला परीक्षितगढ़ के राजा नैन सिंह के भाई खुशहाल सिंह एक गढी बनाकर रहते थे। इसलिए सीकरी खुर्द स्वाभाविक रूप से ही नेतृत्व करने वा...
जीवन में परस्पर संबंधों के पोषण की दिशा में एक सार्थक प्रयास है अंतर्संबंध। एक प्रयास और जनता के जागरूकता मिशन को समझने का संवाद। जब किसी जागरूकता मिशन के लिए प्रयास किए जाते हैं, तो जनता के साथ संवाद बहुत महत्वपूर्ण है। यह प्रक्रिया जनता को मिशन के उद्देश्यों और उसकी महत्ता से जोड़ने का काम करती है। इसके लिए प्रयास और जनता के बीच स्वस्थ बातचीत की आवश्यकता होती है, ताकि संदेश सही तरीके से पहुंच सके।