दूनी (टोंक)। विश्व पृथ्वी दिवस के मौके पर 'सांसें हो रहीं कम आओ पेड़ लगाएं हम' के स्लोगन पर अमल करते हुए राजकीय प्राइमरी स्कूल दुर्गापुरा में कई कार्यक्रम आयोजित किए गए। पृथ्वी दिवस 2024 की थीम 'पृथ्वी बनाम प्लास्टिक' के अंतर्गत स्काउट गाइड इको क्लब के साथ मिलकर विद्यालय परिसर में हरीतिमा संरक्षण के लिए छात्र छात्राओं ने पौधारोपण किया। संस्था प्रधान आशा मीणा और कार्यक्रम प्रभारी ललिता पारीक के नेतृत्व में प्लास्टिक मुक्त पृथ्वी के सपने को साकार करने की दिशा में पेपर मेकिंग, पोस्टर प्रतियोगिता के साथ ही दीवारों पर नारा और स्लोगन लिखकर प्रकृति के संरक्षण का संदेश दिया गया। इसके साथ ही विद्यालय परिसर में चुग्गा पात्र और परिंडा लगाकर पक्षियों के लिए दाना पानी उपलब्ध कराने का भी संकल्प लिया गया। विद्यालय स्टाफ के साथ साथ छात्र छात्राओं ने विद्यालय परिसर की साफ सफाई कर स्वच्छता का संदेश भी दिया। विद्यालय स्टाफ की डेडीकेटेड वर्क स्टाइल का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि गतिविधियों के दौरान बनाए गए स्लोगन और पोस्टर बड़े ही आकर्षक नजर आ रहे थे और प्रकृति संरक्षण का जीवंत संदेश प्रदान कर रहे थे।
इस अवसर पर डिजिटल शिक्षिका और कार्यक्रम प्रभारी ललिता पारीक ने कहा कि दुनिया भर में वन क्षेत्र प्रति वर्ष औसतन 4.7 मिलियन हेक्टेयर घट रहा है। पर्यावरण पर सार्थक प्रभाव डालने के लिए एक पेड़ को कम से कम 10-20 साल तक जीवित रहना जरूरी है। वन विश्व की अनुमानित 80 प्रतिशत स्थलीय प्रजातियों का घर हैं। इसलिए अधिकाधिक पौधारोपण के साथ ही उनके संरक्षण का संकल्प लेना चाहिए और पृथ्वी का संरक्षण ही स्वयं को सुरक्षित रखने का बेहतर विकल्प है।











टिप्पणियाँ
एक टिप्पणी भेजें