उलझन सुलझन की प्रस्तुति
सहयोग ईएमएस
मेरठ (ईएमएस)। "पर्वों के इस शुभ अवसर पर आइये हम सब मिलकर जरूरतमंद लोगों को साथ लेकर खुशियां मनायें।"'नींव' संस्था के ने छज्जूपुर गांव के साधनहीन बच्चों को शिक्षित करने की मुहिम चला रखी है। वहाँ के शशिप्रभा मेमोरियल पब्लिक स्कूल छज्जूपुर (परतापुर), मेरठ में प्रतिदिन साधनहीन बच्चों को साक्षर करने के लिए 'नींव' संस्था नि:शुल्क कक्षाएं चलाती है। आज मकर संक्रांति के पावन पर्व पर 'नींव' संस्था के द्वारा जरूरतमंद निर्धन बच्चों को ठंड से बचाव के लिए स्कूल के द्वारा जूते व ड्रेस प्रदान की गई। डॉ. उपदेश वर्मा, राष्ट्रीय समन्वयक 'नींव' संस्था ने बच्चों को शिक्षा का महत्व भी समझाया।
इस अवसर पर गाज़ियाबाद स्थित एम.एम.एच. कॉलेज से पधारे प्रोफेसर राकेश राणा जी ने बच्चों को संबोधित करते हुए कहा कि आप लोग ऐसे ही पवित्र हृदय बने रहना। देखना जीवन में कोई भी बाधा नहीं आ पाएगी। उन्होंने बताया कि कैसे पूर्व राष्ट्रपति डॉ. अब्दुल कलाम जी शिक्षा की वजह से ही छोटे से गांव से निकलकर राष्ट्रपति के पद तक पहुँच पाए। दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रोफेसर देवेंद्र नागर जी ने भी बच्चों का मनोबल बढ़ाया।
बच्चो ने कविताये व सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत कर सबका मन मोह लिया। सभी ने 'नींव' संस्था द्वारा किये जा रहे कार्यक्रमों की प्रशंसा की व आगे भी गांव के प्रत्येक बच्चे को शिक्षा से जोड़ने का प्रण लिया। स्कूल के बच्चों के लिए सर्दी के गर्म कपड़ों, जूतों और गर्म पानी की बोतल वितरण हेतु आर्थिक सहयोग के लिए डॉ. सुनील भाटी और संदीप भाटी सहित समाजशास्त्र की शिक्षिका डॉ. भावना, सीमा गुप्ता एवं सुनीता सिंह व डॉ राकेश राणा ने सहभागिता की! संस्था सभी का आभार व्यक्त करती है! इस अवसर पर 'नींव' के अध्यक्ष अधिवक्ता हरिदत्त वर्मा, प्राचार्य कुंवरपाल सिंह, धर्मेंद्र जी, सचिन जी, मनोज जी, दुर्गेश जी व अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।

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